रेलवे स्टेशनों पर गंदगी फैलाने पर अब ₹1,000 तक जुर्माना, भुगतान न करने पर ₹2,000 तक की न्यायिक कार्रवाई
बैतूल। रेलवे परिसरों में स्वच्छता बनाए रखने के उद्देश्य से रेलवे बोर्ड ने रेलवे स्टेशनों पर गंदगी फैलाने जैसी गतिविधियों पर लगाए जाने वाले जुर्माने के प्रावधानों में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। रेल मंत्रालय द्वारा 24 अगस्त 2026 को जारी राजपत्र अधिसूचना के बाद रेलवे बोर्ड ने 18 सितंबर 2026 को वाणिज्यिक परिपत्र क्रमांक 17/2026 जारी कर सभी जोनल रेलवे को संशोधित प्रावधानों को प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
राजपत्र अधिसूचना के अनुसार भारतीय रेल परिसर में स्वच्छता को प्रभावित करने वाली गतिविधियों के लिए दंड संबंधी नियम, 2012 में संशोधन किया गया है। संशोधन के तहत पूर्व में निर्धारित ₹500 तक के जुर्माने को बढ़ाकर ₹1,000 तक किया गया है। साथ ही, यदि निर्धारित जुर्माने का भुगतान नहीं किया जाता है तो संबंधित व्यक्ति को सक्षम न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा सकता है, जहां ₹2,000 तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा ।

रेलवे स्टेशनों पर व्यापक प्रचार होगा –
रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे को निर्देश दिया है कि संशोधित नियमों का यात्रियों एवं आम जनता के बीच व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। इसके लिए विभिन्न समाचार-पत्रों, जिनमें स्थानीय भाषाओं के समाचार-पत्र भी शामिल हैं, रेलवे स्टेशनों पर पोस्टर एवं नोटिस, रेलगाड़ियों के अंदर लगाए जाने वाले नोटिस तथा स्टेशनों पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम से घोषणाओं के माध्यम से जानकारी देने को कहा गया है। इसके अलावा रेडियो/टीवी आदि माध्यमों से भी प्रचार करने का कहा गया है।
अधिकृत अधिकारियों की जिम्मेदारी तय होगी –
परिपत्र में कहा गया है कि प्रत्येक जोनल रेलवे स्थानीय परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अधिकृत अधिकारियों के मार्गदर्शन के लिए प्रक्रिया तैयार करेगा तथा इस उद्देश्य से नामित अधिकारियों की नियुक्ति करेगा। संबंधित प्रधान मुख्य वाणिज्य प्रबंधक (PCCM) को मासिक विवरण में इस मद के अंतर्गत वसूल की गई जुर्माने की राशि रेलवे बोर्ड को बतानी होगी।
रेलवे बोर्ड का यह निर्देश वित्त एवं लेखा निदेशालय की सहमति से जारी किया गया है। परिपत्र में सभी संबंधित अधिकारियों को इसकी प्राप्ति की पुष्टि करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
रेलवे अब स्वच्छता संबंधी नियमों के उल्लंघन पर दंडात्मक प्रावधानों को अधिक प्रभावी ढंग से लागू करने के साथ-साथ यात्रियों को पहले से जागरूक करने के लिए समाचार-पत्रों, पोस्टरों, उद्घोषणाओं तथा अन्य प्रचार माध्यमों का व्यापक उपयोग करेगा।







