20 दिनों से ठप पानी सप्लाई, मीलों दूर से पानी ढोने को मजबूर ग्रामीणजन
आमला। विकासखंड आमला के आदिवासी बाहुल्य ग्राम पंचायत हरदौली में पिछले 20 दिनों से भीषण जल संकट गहराया हुआ है। चिलचिलाती धूप और गर्मी के इस मौसम में ग्रामीणों को बूंद-बूंद पानी के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है। स्थानीय प्रशासन और जिम्मेदार विभाग की लापरवाही के चलते इतने दिनों बाद भी समस्या का कोई स्थायी निराकरण नहीं किया जा सका है, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।

सिर पर गुंडिया और मीलों का सफर
हरदौली गांव में पानी की विकराल स्थिति को बयां करते हुए स्थानीय ग्रामीण मुकेश उईके, दुर्गेश, रमेश ने बताया कि पिछले करीब तीन सप्ताह से गांव में पानी की सप्लाई पूरी तरह ठप है। ग्राम की महिलाऐ श्यामवती, राम्मु बाई, रूपवती आदि ने बताया पानी की व्यवस्था के लिए दिन भर हम सभी महिलाओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

गांव के पुरुष अपने निजी साधनों जैसे साइकिल, मोटरसाइकिल, टैक्टर से जैसे-तैसे दूर-दराज के खेतों या कुओं से पानी ला रहे हैं, तो वहीं महिलाएं भीषण गर्मी में सिर पर गुंडिया बर्तन रखकर कई किलोमीटर का पैदल सफर तय करने को मजबूर हैं। पूरा दिन सिर्फ पानी के इंतजाम में ही बीत जाता है।
प्रशासन की लापरवाही पर उठ रहे सवाल
एक तरफ सरकार हर घर जल योजना और आदिवासी क्षेत्रों के विकास के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं दूसरी तरफ हरदौली गांव की यह स्थिति जमीनी हकीकत को उजागर कर रही है। 20 दिन बीत जाने के बाद भी किसी भी जिम्मेदार अधिकारी या जनप्रतिनिधि ने इस समस्या की सुध नहीं ली है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पेयजल संकट का समाधान नहीं किया गया और गांव में पानी की सुचारू व्यवस्था बहाल नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन और चक्काजाम करने के लिए बाध्य होंगे।







