MPPSC सहायक प्राध्यापक परीक्षा-2022 में सफलता के बाद प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, बैतूल में प्राणीशास्त्र की सहायक प्राध्यापक के रूप में संभाला कार्यभार
बैतूल। दृढ़ संकल्प, निरंतर परिश्रम और आत्मविश्वास के बल पर बैतूल की प्रतिभाशाली शिक्षाविद डॉ. निहारिका भावसार ने मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) द्वारा आयोजित सहायक प्राध्यापक (प्राणीशास्त्र) परीक्षा-2022 में सफलता प्राप्त कर राजपत्रित अधिकारी (Gazetted Officer) बनने का गौरव हासिल किया है।
उनकी नियुक्ति प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, जयवंती हाक्सर शासकीय महाविद्यालय बैतूल में सहायक प्राध्यापक (प्राणीशास्त्र) के पद पर हुई है। उनका पदग्रहण आदेश 29 जुलाई 2026 को आया तथा 30 जुलाई 2026 को विधिवत कार्यभार ग्रहण किया।
डॉ. निहारिका बैतूल के प्रतिष्ठित व्यवसायी एवं श्याम फैशन मॉल के संचालक गौरव भावसार की धर्मपत्नी हैं। उनकी इस उपलब्धि से न केवल परिवार बल्कि पूरे बैतूल जिले और समाज में हर्ष का वातावरण है।
डॉ. निहारिका अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता संध्या अमृते एवं मनोहर अमृते के साथ अपने पति गौरव भावसार को देती हैं। उनका कहना है कि परिवार के अटूट विश्वास, सहयोग और प्रोत्साहन ने उन्हें हर चुनौती का सामना करने का साहस दिया।
उनकी प्रारंभिक शिक्षा भोपाल में हुई जबकि स्नातक एवं स्नातकोत्तर की शिक्षा नागपुर विश्वविद्यालय से पूर्ण हुई। वे अपने संपूर्ण शैक्षणिक जीवन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए विश्वविद्यालय की टॉपर रहीं।
शैक्षणिक उत्कृष्टता की यात्रा यहीं नहीं रुकी। वर्ष 2019 में उन्होंने पीएच.डी. की उपाधि प्राप्त की तथा वर्ष 2023 में मध्य प्रदेश राज्य पात्रता परीक्षा (MPSET) भी सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की। वर्ष 2022 की सहायक प्राध्यापक लिखित परीक्षा उन्होंने वनस्पति विज्ञान एवं प्राणीशास्त्र, दोनों विषयों में उत्तीर्ण की।
हालांकि साक्षात्कार के लिए उन्होंने केवल प्राणीशास्त्र विषय का चयन किया और अपने गहन विषय-ज्ञान, आत्मविश्वास एवं उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर अंतिम चयन सूची में स्थान प्राप्त किया।
शिक्षा के साथ-साथ डॉ. निहारिका सामाजिक एवं व्यक्तित्व विकास के क्षेत्र में भी सक्रिय हैं। वे लायंस क्लब में जोन चेयरपर्सन, करियर काउंसेलर तथा आर्ट ऑफ लिविंग की प्रशिक्षिका हैं। उनका मानना है कि इस लंबी एवं चुनौतीपूर्ण चयन प्रक्रिया के दौरान ‘सुदर्शन क्रिया’, ध्यान और नियमित साधना ने उन्हें मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच और धैर्य बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। साक्षात्कार के दिन भी यही आध्यात्मिक साधना उनके आत्मविश्वास और सकारात्मक ऊर्जा का प्रमुख आधार बनी।
इस उपलब्धि पर उनके सास-ससुर सपना भावसार एवं तरुण भावसार, पूरे भावसार एवं अमृते परिवार, भाई आशीष एवं शिवम, पुत्री ईक्वीरा, जयवंती हाक्सर शासकीय महाविद्यालय परिवार, आर्ट ऑफ लिविंग, लायंस क्लब, श्री श्याम फैशन मॉल परिवार, मित्रों एवं शुभचिंतकों ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दी हैं।
डॉ. निहारिका भावसार की यह उपलब्धि उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणादायी है जो कठिन परिश्रम, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को साकार करने का संकल्प रखते हैं। उनका जीवन इस बात का प्रमाण है कि शिक्षा, साधना और समर्पण के साथ किया गया प्रयास निश्चित रूप से सफलता का मार्ग प्रशस्त करता है।







